ClaimSahayakबीमा क्लेम सहायता

उपयोग की शर्तें

अंतिम बदलाव: 30 अक्टूबर 2026

अगर हिंदी और अंग्रेज़ी पाठ में कोई अंतर हो, तो अंग्रेज़ी पाठ मान्य होगा।

1. इन शर्तों के बारे में

क्लेमसहायक का उपयोग करके आप इन शर्तों से सहमत होते हैं। क्लेमसहायक का संचालन एडवोकेट सत्येन्द्र कुमार पाटकर, 1809 सिल्वर ओक कंपाउंड, नेपियर टाउन, जबलपुर करते हैं।

2. क्लेमसहायक क्या करता है

  • क्विक चेक क्लेम रिजेक्शन के आम कारणों के बारे में सामान्य जानकारी देता है। यह कानूनी सलाह नहीं है और आपके दस्तावेज़ नहीं देखता।
  • जब आप केस दर्ज करके फ़ीस भरते हैं, तो हमारी टीम आपके दस्तावेज़ जाँचती है और, जहाँ उचित हो, बीमा कंपनी, IRDAI बीमा भरोसा और बीमा लोकपाल के पास शिकायत तैयार करके आगे बढ़ाती है।
  • हम किसी नतीजे की गारंटी नहीं दे सकते। नतीजा आपकी पॉलिसी, तथ्यों और बीमा कंपनी या मंच के फ़ैसले पर निर्भर करता है।

3. फ़ीस

  • रजिस्ट्रेशन फ़ीस ₹499 है, जो Razorpay से ऑनलाइन भरी जाती है।
  • अगर आपके दस्तावेज़ जाँचने के बाद हमारी टीम आपका केस न लेने का निर्णय लेती है, तो ₹400 वापस किए जाएँगे (रिफ़ंड 7 कार्य दिवसों के भीतर शुरू होगा) और ₹99 जाँच की फ़ीस के रूप में रखे जाएँगे। केस स्वीकार होने और काम शुरू होने के बाद फ़ीस वापस नहीं होगी।
  • अगर हम आपका केस लेते हैं, तो सफलता फ़ीस सिर्फ़ पैसा मिलने पर देय होगी: बीमा कंपनी, बीमा भरोसा या लोकपाल के स्तर पर मिली राशि का 15%, या उपभोक्ता आयोग में केस के बाद मिलने पर 18%, और GST में रजिस्टर होने के बाद GST अलग से। ₹499 इसमें घटा दिए जाएँगे। पूरी शर्तें सेवा अनुबंध में हैं, जिसे आप भुगतान से पहले अपने केस पेज पर स्वीकार करते हैं।

4. आपकी ज़िम्मेदारियाँ

  • सही और पूरी जानकारी तथा असली दस्तावेज़ दें।
  • दस्तावेज़ सिर्फ़ अपने क्लेम के लिए, या ऐसे क्लेम के लिए अपलोड करें जिसे आगे बढ़ाने का आपको अधिकार है (जैसे नॉमिनी, कानूनी वारिस, माता-पिता या अभिभावक के रूप में)।
  • अपना ईमेल खाता सुरक्षित रखें, क्योंकि लॉगिन कोड वहीं आते हैं।
  • अगर आप इसी मामले में कोर्ट, उपभोक्ता आयोग या आर्बिट्रेशन में केस करते हैं, या बीमा कंपनी सीधे आपसे समझौता कर लेती है, तो हमें बताएँ।

5. आपकी ओर से काम करने का अधिकार

केस दर्ज करके आप हमारी टीम को अधिकार देते हैं कि वह उस क्लेम के बारे में आपकी ओर से बीमा कंपनी और संबंधित मंचों से संपर्क करे, और इसी उद्देश्य से आपके केस की जानकारी और दस्तावेज़ उन्हें दे। पत्र और शिकायतें आपके (या दावेदार के) नाम से होती हैं, और हम आपसे उन पर हस्ताक्षर या मंज़ूरी लेंगे।

6. हमारी ज़िम्मेदारी की सीमा

हम आपका केस उचित सावधानी से संभालेंगे। बीमा कंपनियों, IRDAI, लोकपाल या अदालतों के फ़ैसलों, हम तक जानकारी देर से पहुँचने के कारण छूटी समय-सीमाओं, या हमारे नियंत्रण से बाहर की घटनाओं से हुए नुकसान के लिए हम ज़िम्मेदार नहीं हैं। हमारी कुल ज़िम्मेदारी उस केस के लिए आपके द्वारा दी गई फ़ीस तक सीमित है।

7. सही उपयोग

साइट का गलत उपयोग न करें: कोई झूठा क्लेम नहीं, हानिकारक फ़ाइलें अपलोड नहीं, और दूसरों का डेटा देखने की कोई कोशिश नहीं।

8. सेवा समाप्त करना

आप हमें लिखकर कभी भी अपना केस बंद करा सकते हैं। अगर जानकारी झूठी हो या क्लेम ठीक से आगे न बढ़ाया जा सके, तो हम केस लेने से मना कर सकते हैं या उसे रोक सकते हैं, और आपको कारण बताएँगे।

9. कानून और विवाद

ये शर्तें भारत के कानूनों के अधीन हैं। उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के अंतर्गत आपके अधिकारों (जिसमें अपने निवास स्थान पर शिकायत करने का अधिकार भी शामिल है) के अधीन रहते हुए, जबलपुर की अदालतों को क्षेत्राधिकार होगा।

10. संपर्क

एडवोकेट सत्येन्द्र कुमार पाटकर, 1809 सिल्वर ओक कंपाउंड, नेपियर टाउन, जबलपुर। ईमेल gopuassociate@gmail.com; मोबाइल 9425335731; WhatsApp 9109256180।

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